नेचुरल फार्मिंग: कृषि का प्राकृतिक तरीका और भारत में इसकी बढ़ती लोकप्रियता

जब आप नेचुरल फार्मिंग, एक ऐसी कृषि विधि जो रासायनिक खाद और कीटनाशकों के बिना मिट्टी, पौधों और प्रकृति के साथ सामंजस्य बनाकर खेती करती है. इसे प्राकृतिक कृषि भी कहते हैं, जो किसानों के लिए सिर्फ एक विकल्प नहीं, बल्कि एक जीवनशैली बन रही है। यह तकनीक सिर्फ खाद्य उत्पादन नहीं, बल्कि मिट्टी के स्वास्थ्य, पानी की बचत और जैव विविधता को बचाने का भी तरीका है। भारत जहाँ लाखों किसान रासायनिक खेती पर निर्भर हैं, वहीं नेचुरल फार्मिंग धीरे-धीरे एक नई लहर बन रही है।

यह तरीका सिर्फ अंगूर या चावल की खेती तक सीमित नहीं। यह जैविक खेती, एक ऐसी प्रणाली जिसमें प्राकृतिक उर्वरक, जैविक कीटनाशक और चक्रीय फसल उगाने का उपयोग किया जाता है के साथ घनिष्ठ रूप से जुड़ा हुआ है। इसमें गोबर का खाद, नीम के बीज का निकाय, और फसलों का बारी-बारी से उगाना शामिल है। यह सब कुछ बिना किसी रासायनिक इनपुट के काम करता है। मिट्टी की स्वास्थ्य, मिट्टी में जीवाणुओं, कीड़ों और कार्बन की मात्रा जो उसकी उपजाऊ शक्ति निर्धारित करती है इसका सबसे बड़ा आधार है। जब मिट्टी स्वस्थ होती है, तो पौधे खुद ही बीमारियों से लड़ने लगते हैं।

इसके अलावा, नेचुरल फार्मिंग से आपकी खेती की लागत भी कम होती है। किसान को अब बार-बार खाद और कीटनाशक खरीदने की जरूरत नहीं पड़ती। यह तरीका बारिश पर भी कम निर्भर करता है, क्योंकि स्वस्थ मिट्टी पानी को बेहतर तरीके से संजो लेती है। अगर आपने कभी सुना है कि किसी किसान ने अपनी फसल बिना कीटनाशक के उगाई है, तो वह नेचुरल फार्मिंग का ही हिस्सा है। यह बस एक ट्रेंड नहीं, बल्कि एक जरूरत है।

आपको इस पेज पर क्या मिलेगा?

यहाँ आपको ऐसी खबरें मिलेंगी जो नेचुरल फार्मिंग के असली असर को दिखाती हैं — कहीं एक किसान ने अपनी फसल के लिए रासायनिक खाद छोड़ दिया, कहीं कोई संगठन ने गाँव में इस तकनीक को फैलाया, या फिर कोई रिसर्च ने बताया कि इस तरह की खेती से मिट्टी कितनी बेहतर हो रही है। ये सब खबरें आपको बताएंगी कि यह तकनीक कैसे भारत के गाँवों में धीरे-धीरे जीवन बदल रही है।

PM Modi ने आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु में श्री सत्य साई बाबा की जयंती पर स्मारक सिक्का जारी किया, नेचुरल फार्मिंग समिट का उद्घाटन किया 24 नवंबर 2025

PM Modi ने आंध्र प्रदेश और तमिलनाडु में श्री सत्य साई बाबा की जयंती पर स्मारक सिक्का जारी किया, नेचुरल फार्मिंग समिट का उद्घाटन किया

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने 19 नवंबर, 2025 को पुत्तपर्थी में श्री सत्य साई बाबा की जयंती पर स्मारक सिक्का जारी किया और कोयम्बटूर में नेचुरल फार्मिंग समिट का उद्घाटन करते हुए ₹18,000 करोड़ का पीएम-किसान किस्त जारी किया।